HaryanaPalwal

पलवल जिले में धरल्ले से हो रही अवैध प्लॉटिंग :हाईवे से लगते गांवों और शहरों में फैला का रोबार, कृषि भूमि पर निर्माण होने के बाद विभाग को पता चलता

के सी माहौर की रिपोर्ट

हरियाणा के पलवल जिले में अवैध प्लॉटिंग गैंग सक्रिय है, जो बिना विभाग की अनुमति के गांवों में कृषि योग्य भूमि में प्लॉट काटने का काम कर रहा है। यह गैंग गांव के भोले भाले लोगों को अपने झांसे में लेकर प्लॉट खरीदने को मजबूर करके उन्हें औने पौने दामों में बेच देते हैं।

विभाग को अवैध कॉलोनी में निर्माण होने के बाद पता चलता है और तब तक लोग लुट चुके होते हैं, जबकि विभाग को पहले ही कार्रवाई करनी चाहिए। हालांकि विभाग की तरफ से कार्रवाई भी की जा रही है। वहीं कार्रवाई के दौरान विभाग की टीम पर हमले भी हो चुके हैं।

विभाग की कार्रवाई से लोगों का नुकसान होता

उल्लेखनीय है कि जिले में पिछले काफी दिनों से अवैध प्लॉटिंग का धंधा जोरों पर चल रहा है। इस काम को करने के लिए जिले में कई गैंग सक्रिय हैं, जो जहां चाहते हैं, वहां कृषि योग्य भूमि खरीदकर प्लॉट काट देते हैं। वह लोगों को अपने में झांसे में लेकर औने पौने दामों में उन प्लॉट को बेच रहे हैं।

प्रॉपर्टी डीलरों की गैंग बिना किसी विभाग की अनुमति के इन प्लॉट को काटती है, लेकिन इन बातों के बारे में खरीदारों को नहीं पता होता कि यह प्लॉट अवैध तरीके से काटे गए हैं। खरीदार इन प्लॉट को खरीदने के बाद उनमें निर्माण भी कर देते हैं और जब बाद में विभाग को पता चलता है तो विभाग उनमें जाकर तोड़ फोड़ कर देता है, जिससे लोगों का नुकसान हो जाता है।

कहां-कहां काटी जा रही अवैध कॉलोनी

जिले के पृथला, पलवल, होडल, हथीन व हसनपुर के विभिन्न गांवों, जैसे बामनीखेड़ा, औरंगाबाद, दीघोट, पृथला, दूधोला, फिरोजपुर राजपूत, लखनाका रोड, उटावड रोड, अंधरोला रोड, ततारपुर, जनौली, नया गांव, कुसलीपुर, बहरोला, किठवाड़ी, छज्जूनगर व रोनीजा सहित अन्य स्थानों पर अवैध प्लॉटिंग की जा रही है।

विभाग से नहीं ली जाती अनुमति
विभाग के अधिकारियों की मानें तो अवैध प्लॉटिंग का धंधा पूरे जिले में किया जा रहा है। प्लॉटिंग करते समय विभाग से अनुमति नहीं ली जाती है। जिले में कई ऐसे गांव हैं, जहां प्लॉटिंग का काम किया जा रहा है। विभाग की तरफ से गत दिनों गांव बामनीखेडा, पृथला, किठवाड़ी सहित अन्य स्थानों पर तोड़-फोड़ की जा चुकी है।

बिना अनुमति के काटे जा रहे प्लॉट
जिले में कुछ लोग ग्रामीण क्षेत्र में कृषि योग्य भूमि में अवैध तरीके से प्लॉटिंग करने का काम कर रहे हैं, जबकि प्लॉट काटने से पहले विभाग से अनुमति लेनी जरूरी होती है, लेकिन उक्त प्रॉपर्टी डीलर विभाग से कोई अनुमति नहीं लेते और प्लॉट काट कर बेचना शुरू कर देते हैं। जैसे ही विभाग को अवैध प्लॉटिंग के बारे में जानकारी मिलती है, वहां तुरंत कार्रवाई की जाती है। अगर ऐसे स्थानों पर निर्माण हो जाता है तो उस निर्माण को भी तोड़ा जाता है और पुलिस केस भी दर्ज करवाया जाता है।

Tags
Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Close